नोएडा। सेक्टर-24 थाना पुलिस ने फ्रेंडशिप क्लब की आड़ में लोगों को फंसाकर लूटपाट करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने तीन युवतियों समेत पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक किशोर को अभिरक्षा में लिया गया है। आरोपियों के कब्जे से नोएडा में लूटी गई फॉर्च्यूनर एसयूवी, दो अन्य कारें और एक चाकू बरामद किया गया है। गिरोह का सरगना पंकज यादव सहित तीन आरोपी अभी फरार हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।
सोशल मीडिया और स्पा के नाम पर बिछाते थे जाल
अपर पुलिस उपायुक्त (एडीसीपी) मनीषा सिंह ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ओमवीर यादव (फिरोजाबाद), मंजेश यादव (मैनपुरी), निधि यादव (औरैया), प्रियंका यादव (फिरोजाबाद) और काजल यादव (मैनपुरी) के रूप में हुई है। सभी दिल्ली के न्यू अशोक नगर में किराये पर रहते थे। सरगना पंकज यादव ने निधि के माध्यम से अन्य युवतियों को गिरोह से जोड़ा था। आरोपी सोशल मीडिया, फर्जी ऑनलाइन फ्रेंडशिप क्लब और स्पा सेंटर के नाम से वेबसाइट पर विज्ञापन डालकर लोगों को लड़कियों से मुलाकात का झांसा देते थे। कॉल करने वालों को अकेले मिलने के बहाने बुलाकर उन्हें अपना शिकार बनाते थे।
सरगना लड़की बनकर करता था बातचीत
पुलिस जांच में सामने आया कि फ्रेंडशिप क्लब से जुड़ने के बाद जब कोई व्यक्ति किसी युवती से बात करने या मिलने की इच्छा जताता था, तो गिरोह का सरगना पंकज यादव खुद लड़की बनकर बातचीत करता था। इसके बाद पीड़ित को मिलने के लिए बुलाया जाता और कार में बैठाकर उससे नकदी, मोबाइल, गाड़ी और अन्य कीमती सामान लूट लिया जाता। वारदात के बाद आरोपी फरार हो जाते थे।
फॉर्च्यूनर लूटकांड से खुला गिरोह का राज
पूछताछ में आरोपियों ने 30 जून की रात सेक्टर-54 स्थित पेट्रोल पंप के पास एक कारोबारी से फॉर्च्यूनर लूटने की वारदात कबूल की। आरोपियों ने लड़की दिखाने के बहाने कारोबारी को कार में बैठाया, उसका मोबाइल छीन लिया, मारपीट कर 27 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करा लिए और पर्स, चाबी तथा फॉर्च्यूनर लेकर फरार हो गए। भागने के दौरान पीड़ित ने उनकी कार का स्टेयरिंग घुमा दिया, जिससे कार डिवाइडर से टकराकर क्षतिग्रस्त हो गई। इसी टूटी कार और वारदात में इस्तेमाल की गई यूपीआई ट्रांजैक्शन आईडी के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंचने में सफल रही।


