ग्रेटर नोएडा। गौतमबुद्ध नगर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट और एक्सप्रेसवे जैसी महत्वाकांक्षी परियोजनाओं पर तेजी से काम हो रहा है, लेकिन दादरी का ग्रामीण इलाका आज भी सरकारी सार्वजनिक परिवहन सेवा से वंचित है। क्षेत्र के 42 गांवों की करीब दो लाख आबादी वर्षों से बेहतर बस सेवा का इंतजार कर रही है।
निजी और डग्गामार वाहनों पर निर्भर हैं ग्रामीण
दादरी क्षेत्र से प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग नौकरी, व्यापार और पढ़ाई के लिए नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद और दादरी कस्बे की ओर आते-जाते हैं। सरकारी परिवहन सुविधा नहीं होने के कारण उन्हें निजी वाहनों या डग्गामार वाहनों पर निर्भर रहना पड़ता है।
सफर पूरा करने के लिए कई बार बदलने पड़ते हैं वाहन
तहसील और जिला मुख्यालय तक पहुंचने के लिए यात्रियों को कई बार घंटों इंतजार करना पड़ता है। एक स्थान से दूसरे स्थान तक जाने के लिए उन्हें तीन से चार बार वाहन बदलने पड़ते हैं, जिससे समय और धन दोनों की बर्बादी होती है।
बेहतर परिवहन सुविधा की मांग तेज
ग्रामीणों का कहना है कि जर्जर और ओवरलोड डग्गामार वाहनों में सफर करना जोखिम भरा है। इससे दुर्घटनाओं की आशंका भी बनी रहती है। लोगों ने क्षेत्र में नियमित सरकारी बस सेवा शुरू करने की मांग उठाई है, ताकि लाखों ग्रामीणों को सुरक्षित, सस्ती और सुगम परिवहन सुविधा मिल सके।


