नोएडा। मानसून की पहली तेज वर्षा ने मंगलवार को नोएडा को भीषण गर्मी और उमस से राहत दिलाई, लेकिन इसके साथ ही शहर की जलनिकासी व्यवस्था की पोल भी खोल दी। महज चार घंटे में हुई करीब 30 मिमी बारिश से कई सेक्टरों की सड़कें तालाब में तब्दील हो गईं। जगह-जगह जलभराव, नालों के ओवरफ्लो और यातायात प्रभावित होने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। शहर के कई इलाकों में घंटों तक जाम की स्थिति बनी रही।
येलो अलर्ट से बढ़ी प्राधिकरण की चिंता
मौसम विभाग ने 9 जुलाई के लिए भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। ऐसे में अगले तीन दिन नोएडा प्राधिकरण के लिए जलनिकासी व्यवस्था को दुरुस्त रखना बड़ी चुनौती होगी। अधिकारियों को संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। लगातार बारिश की आशंका को देखते हुए राहत और बचाव की तैयारियां भी तेज कर दी गई हैं।
सुहाना मौसम, लेकिन जलभराव बना मुसीबत
मंगलवार सुबह से ही आसमान में घने बादल छाए रहे और दोपहर बाद कई दौर की झमाझम बारिश हुई। बारिश के बाद अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम सुहावना होने से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिली। हालांकि बारिश थमते ही शहर के कई हिस्सों में जलभराव ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं।
सड़कों और सोसायटियों में भरा पानी
बारिश के कारण कई प्रमुख सड़कों पर पानी भर गया, जिससे वाहनों की रफ्तार धीमी पड़ गई। कई आवासीय सोसायटियों के बेसमेंट में भी पानी घुसने की शिकायतें सामने आईं। नालों के ओवरफ्लो होने से आसपास के इलाकों में भी जलभराव की स्थिति बन गई। लोगों ने जलनिकासी व्यवस्था को लेकर प्राधिकरण की तैयारियों पर सवाल उठाए हैं।


