
नोएडा। यातायात नियमों की अनदेखी कर तेज रफ्तार में वाहन चलाने वालों पर अब ट्रैफिक पुलिस सख्ती करने की तैयारी में है। तेज गति से वाहन चलाकर लोगों की जान जोखिम में डालने वाले चालकों को पकड़ने के लिए पुलिस हाईटेक तकनीक का इस्तेमाल करेगी।

एक सेकेंड में कट सकेगा चालान
स्पीडो राडार गन की मदद से 300 किलोमीटर प्रति घंटा तक की रफ्तार से चल रहे वाहनों की गति मापी जा सकेगी। वाहन के राडार गन की जद में आते ही उसकी स्पीड रिकॉर्ड होगी और महज एक सेकेंड में चालान की कार्रवाई की जा सकेगी। जल्द ही जिले के सभी ट्रैफिक कर्मियों को इस उपकरण से लैस करने की तैयारी है।
ट्रेड शो में प्रदर्शित की गई हाईटेक गन
स्पीडो राडार गन को इंडिया एक्सपो मार्ट में आयोजित यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट पुलिस के स्टाल पर प्रदर्शित किया जा रहा है। हाईटेक उपकरण के जरिए यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों पर कार्रवाई को तेज और प्रभावी बनाने की योजना है।
मोबाइल से चालान में लगते हैं दो से तीन मिनट
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, अभी ट्रैफिक पुलिस मोबाइल फोन से वाहन की फोटो खींचकर एप के माध्यम से चालान करती है, जिसमें करीब दो से तीन मिनट लग जाते हैं। इस दौरान कई बार तेज रफ्तार वाहन काफी दूर निकल जाता है। लोकेशन बदलने के कारण चालक गलत चालान किए जाने का आरोप भी लगाते हैं। स्पीडो राडार गन से इस तरह की समस्या को कम करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
नोएडा। यमुना एक्सप्रेसवे पर बस में आग लगने से नौ लोगों की मौत के बाद हादसे का भयावह मंजर सामने आया। घटना को देखने वालों के मुताबिक, आग इतनी भीषण थी कि मृतकों के शव बुरी तरह झुलस गए। हादसे की तस्वीरों और मौके के हालात ने लोगों को झकझोर कर रख दिया।
चार शव कफन की गठरियों में मोर्चरी पहुंचाए गए
हादसे की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि नौ मृतकों में अधिकांश के शव 80 प्रतिशत से ज्यादा जल गए थे। शवों की स्थिति बेहद खराब होने के कारण पुलिस ने चार शवों को कफन की गठरियों में एकत्रित कर नोएडा सेक्टर-94 स्थित मोर्चरी पहुंचाया, जबकि पांच शव काले बॉडी बैग में रखकर लाए गए।


