
नोएडा। एसटीएफ की नोएडा फील्ड यूनिट ने भारत में अवैध रूप से रहकर फर्जी शेल कंपनियां खड़ी करने और हवाला के जरिए भारतीय मुद्रा चीन भेजने वाले गिरोह के एक सदस्य को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान राजस्थान के बालोतरा के सिधांसवा चौहानन निवासी गणपत लाल राजपुरोहित (30) के रूप में हुई है। टीम ने उसे दिल्ली के करोल बाग से गिरफ्तार किया। आरोपी के खिलाफ फेज-दो कोतवाली में मुकदमा दर्ज है और वह लंबे समय से फरार चल रहा था।

चीनी नागरिक के सहयोगी के रूप में करता था काम
एसटीएफ के मुताबिक, गणपत लाल पूर्व में गिरफ्तार किए गए चीनी नागरिक के सहयोगी के रूप में काम करता था। वह फर्जी शेल कंपनियों के जरिए वित्तीय लेनदेन और हवाला के माध्यम से भारतीय मुद्रा चीन भेजने वाले नेटवर्क से जुड़ा था। मामले की जांच के दौरान उसकी भूमिका सामने आने के बाद एसटीएफ उसकी तलाश कर रही थी।
22 जुलाई को चीनी नागरिक समेत तीन हुए थे गिरफ्तार
एसटीएफ नोएडा यूनिट के अपर पुलिस अधीक्षक राजकुमार मिश्रा के मुताबिक, इसी मामले में 22 जुलाई को पूर्वांचल सिल्वर सिटी सोसायटी से चीनी नागरिक लियाओ लोंगहुई और उसके दो भारतीय साथियों संजीव कुमार और कौशलेन्द्र को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ और जांच के दौरान गणपत लाल के बारे में जानकारी सामने आई।
करोल बाग से पकड़ा गया लंबे समय से फरार आरोपी
मामले में नाम सामने आने के बाद गणपत लाल लंबे समय से फरार चल रहा था। एसटीएफ की नोएडा फील्ड यूनिट ने उसकी तलाश जारी रखी और सूचना के आधार पर दिल्ली के करोल बाग में दबिश देकर उसे गिरफ्तार कर लिया। अब पुलिस आरोपी से पूछताछ कर गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और फर्जी कंपनियों के नेटवर्क की जानकारी जुटा रही है।


