नोएडा। भाजपा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के क्षेत्रीय अध्यक्ष पद पर गुर्जर समाज के नेता को अहम जिम्मेदारी दिए जाने के बाद अब प्रदेश कांग्रेस भी गौतमबुद्ध नगर जिला और महानगर संगठन को मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है। पार्टी नेतृत्व दोनों इकाइयों के लिए दमदार और प्रभावशाली अध्यक्षों की नियुक्ति को लेकर मंथन कर रहा है।
विभिन्न सामाजिक वर्गों के दावेदारों पर नजर
सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखते हुए कांग्रेस शीर्ष नेतृत्व के पास राजपूत, ब्राह्मण, गुर्जर, दलित और अल्पसंख्यक वर्ग से जुड़े अध्यक्ष पद के दावेदारों का रिपोर्ट कार्ड पहुंच चुका है। पार्टी संगठनात्मक क्षमता, जनाधार और सामाजिक समीकरणों के आधार पर संभावित उम्मीदवारों के नामों पर विचार कर रही है।
महिला और युवा नेतृत्व को भी मिल सकता है मौका
जेन-जी और महिला नेतृत्व पर फोकस कांग्रेस की चयन प्रक्रिया में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। संगठन सृजन अभियान के प्रमुख शेख मस्तान वली ने अपनी गौतमबुद्ध नगर रिपोर्ट में कई तेज-तर्रार महिला नेताओं के नाम भी शामिल किए हैं। ऐसे में जिला या महानगर अध्यक्ष पद पर महिला नेतृत्व को भी अहम जिम्मेदारी मिलने की संभावना जताई जा रही है।
जन्माष्टमी के बाद खत्म हो सकती है अध्यक्ष पद की रस्साकशी
2027 विधानसभा चुनाव की तैयारी को देखते हुए प्रदेश नेतृत्व जल्द संगठनात्मक नियुक्तियों को अंतिम रूप देना चाहता है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के बाद गौतमबुद्ध नगर जिला और महानगर अध्यक्ष पद के लिए चल रही रस्साकशी जल्द समाप्त हो सकती है। पार्टी का लक्ष्य चुनाव से पहले मजबूत और सक्रिय संगठन तैयार करना है।


