
नोएडा। नोएडा मेट्रो रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (एनएमआरसी) को ओडिशा के भुवनेश्वर में आयोजित 19वें अर्बन मोबिलिटी इंडिया सम्मेलन एवं एक्सपो 2026 में विशेष पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह सम्मान सिविल स्ट्रक्चर डिजाइन और इंफ्रास्ट्रक्चर की लागत को बेहतर बनाने के लिए निगम की ओर से की गई तकनीकी पहल के लिए दिया गया। इस उपलब्धि से एनएमआरसी के तकनीकी प्रयासों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है।

डिजाइन और निर्माण लागत में सुधार के प्रयासों को सराहना
यह पुरस्कार डिजाइन संबंधी प्रावधानों की समीक्षा, इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं पर उनके प्रभाव का आकलन और सटीक, किफायती व कुशल इंजीनियरिंग प्रक्रियाओं को बढ़ावा देने के प्रयासों को मान्यता देता है। एनएमआरसी ने तकनीकी मूल्यांकन के माध्यम से निर्माण संबंधी फैसलों को अधिक प्रभावी बनाने और परियोजनाओं की लागत का बेहतर आकलन करने की दिशा में काम किया है।
एनएमआरसी के अधिकारियों ने ग्रहण किया पुरस्कार
सम्मेलन में एनएमआरसी के कार्यकारी निदेशक क्रांति शेखर सिंह और महाप्रबंधक (परियोजना) प्रदीप यादव ने पुरस्कार ग्रहण किया। इस दौरान डीजीएम (सिविल) उज्ज्वल कुमार और प्रबंधक (सिविल) सनी आर. गुप्ता भी सम्मान प्राप्त करने वाली टीम में शामिल रहे। अधिकारियों के अनुसार, इस पहल का उद्देश्य तकनीकी मानकों और इंजीनियरिंग प्रक्रियाओं को अधिक प्रभावी बनाना है।
जियोटेक्निकल जांच से डिजाइन और वित्तीय लागत का आकलन
एनएमआरसी उन शुरुआती संगठनों में शामिल रहा, जिन्होंने स्ट्रक्चरल डिजाइन पर प्रभावों का आकलन करने के लिए जियोटेक्निकल जांच की। आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय के साथ चर्चा के बाद निगम ने अध्ययन का दायरा मेट्रो संरचनाओं से बढ़ाकर भवन संरचनाओं तक किया। इससे डिजाइन पर पड़ने वाले प्रभावों और संभावित वित्तीय लागत का व्यापक आकलन करना संभव हुआ। तकनीकी मूल्यांकन और तुलनात्मक विश्लेषण के निष्कर्ष संबंधित तकनीकी एवं प्रशासनिक अधिकारियों के सामने रखे गए, जिसके बाद राष्ट्रीय स्तर पर इस विषय पर विचार किया गया।

