नोएडा पुलिस ने 13 अप्रैल को हुई श्रमिक हिंसा के मामले में दिल्ली विश्वविद्यालय के एलएलबी छात्र योगेश मीणा को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार योगेश मीणा हिंसा की साजिश में शामिल था और सोशल मीडिया व व्हाट्सऐप ग्रुपों के माध्यम से श्रमिकों को भड़काने का काम कर रहा था। वह डीयू छात्रसंघ अध्यक्ष पद का चुनाव भी लड़ चुका है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि योगेश ने विभिन्न व्हाट्सऐप समूहों में भ्रामक जानकारी फैलाकर माहौल को तनावपूर्ण बनाने की कोशिश की। उसने कथित तौर पर यह प्रचारित किया था कि एक पुलिस अधिकारी का चालक श्रमिकों के संपर्क में है, जबकि जांच में यह दावा पूरी तरह गलत पाया गया।
पुलिस के मुताबिक योगेश मीणा और पहले से गिरफ्तार अनिल के बीच लगातार संपर्क था। दोनों के बीच हिंसा वाले दिन भी बातचीत हुई थी। डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर पुलिस का दावा है कि श्रमिकों को उकसाने और भड़काऊ संदेश फैलाने में योगेश की महत्वपूर्ण भूमिका रही। मामले में आगे की जांच जारी है।






